बुन्देलखण्ड ललितपुर

किसान मई-जून में अवश्य कर लें खरीफ फसल की बुवाई

ललितपुर। निराश्रित एवं बेसहारा गोवंश की समस्या से निजात पाने हेतु जनपद ललितपुर में संचालित अस्थाई गोवंश आश्रय स्थलों पर संरक्षित किये जा रहे गोवंश के भरण पोषण व अन्य व्यवस्थाओं की समीक्षा हेतु जनपद स्तरीय अनुश्रवण मूल्यांकन एवं समीक्षा समिति की बैठक जिलाधिकारी मानवेन्द्र सिंह की अध्यक्षता में कलैक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। बैठक में आये हुये प्रतिभागियों का स्वागत मुख्य पशुचिकित्साधिकारी द्वारा किया गया तथा जिलाधिकारी की अनुमति से बैठक की कार्यवाही प्रारंभ की गई।सर्वप्रथम जिलाधिकारी ने गोवंश आश्रय स्थलो पर 2/3 भाग में हरा चारा उगाने हेतु वनायी गई कार्ययोजना के बारे में जव पूछा तो खण्ड विकास अधिकारी विरधा ने अवगत कराया कि दुधई डुगरिया में 10 एकड़ भूमि पर चारा बीज वोने हेतु जमीन चिन्हित कर आगणन तैयार करा लिया है। इसी प्रकार डगडगी में भी कार्य योजना वना ली गई है। कारी पहाड़ी में 40 एकड़ भूमि पर चारा बीज उगाने हेतु आगणन तैयार कराया जा रहा है। जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि सभी गोवंश आश्रय स्थलों के पास पड़ी हुई चारागाहों की जमीनों को इसी प्रकार चारा उगाने हेतु विकसित किया जाये जिससे निकट भविष्य में हरे चारे की उपलब्धता निरंतर बनी रहे। इस प्रकार गंगचारी में 10 एकड़ भूमि को तैयार कराया जा रहा है। जिलाधिकारी द्वारा पूर्व में दिये गये निर्देशो के क्रम में गोंवश आश्रय स्थल पर भूसा गोदाम वनाये जाने की बारे में जव पूछा गया तो सभी खण्ड विकास अधिकारियों ने अवगत कराया कि उसका आगणन तैयार कर लिया गया है तथा शीध्र ही निर्माण कार्य शुरू कराया जा रहा है।